
राम नवमी का क्या महत्व है?
चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को राम नवमी का त्यौहार मनाया जाता है।(Ram Navami 2025) राम नवमी के दिन भगवान श्री राम का जन्मोत्सव मनाया जाता है। हिंदू धर्म में राम नवमी के दिन को बेहद शुभ माना जाता है। इस साल राम नवमी पर 13 साल बाद दुर्लभ संयोग बन रहा है, जिस वजह से पूजा-पाठ और खरीदारी का विशेष महत्व रहेगा।
13 साल बाद बन रहा है दुर्लभ संयोग
इस बार 6 अप्रैल 2025 को राम नवमी के दिन कई शुभ संयोग बन रहे हैं। इनमें रवि पुष्य योग, सर्वार्थ सिद्धि योग, रवि योग और सुकर्मा योग भी शामिल हैं।
- रवि पुष्य योग- इस योग में भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की (Ram Navami 2025) पूजा करने से धन, सुख और समृद्धि की प्राप्ति होती है।
- सर्वार्थ सिद्धि योग- इस योग में किए गए कार्य सफल होते हैं और जीवन में तरक्की होती है।
- रवि योग और सुकर्मा योग- ये योग पूजा-पाठ और खरीदारी के लिए भी बेहद शुभ माने जाते हैं।

राम नवमी पर खरीदारी और निवेश का महत्व
ज्योतिषाचार्य अनीष व्यास के अनुसार राम नवमी पर खरीदारी और निवेश करना बेहद लाभकारी रहेगा।
- रियल एस्टेट में निवेश करने से आर्थिक समृद्धि आएगी।
- वाहन, सोना और अन्य कीमती धातु खरीदना शुभ रहेगा।
- इस दिन नया व्यवसाय शुरू करना भी बेहद फलदायी रहेगा।
रवि पुष्य नक्षत्र का विशेष महत्व
राम नवमी का दिन वैसे भी शुभ होता है,(Ram Navami 2025) लेकिन इस बार रवि पुष्य नक्षत्र का संयोग इसे और भी खास बना रहा है।
- जब पुष्य नक्षत्र रविवार को पड़ता है, तो उसे रवि पुष्य नक्षत्र कहा जाता है।
- यह नक्षत्र नया व्यापार शुरू करने, प्रॉपर्टी निवेश, वाहन और आभूषण खरीदने के लिए बेहद शुभ माना जाता है।
- रवि पुष्य नक्षत्र जीवन में स्थिरता और समृद्धि लाता है।

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निष्कर्ष
राम नवमी 2025 का यह दुर्लभ संयोग 13 साल बाद आ रहा है, जो इसे और भी खास बनाता है। इस दिन पूजा-पाठ, दान, निवेश और खरीदारी करने से कई गुना अधिक लाभ मिलेगा। साथ ही, अयोध्या, रामेश्वरम, भद्राचलम, सीतामढ़ी और वोंटीमित्रा जैसे पवित्र स्थानों पर जाकर राम नवमी के उत्सव को भव्यता से देखना भी एक अनूठा अनुभव प्रदान करेगा।